शुक्रवार, 2 अक्टूबर 2026

गंगा समग्र न्यास द्वारा गंगा रत्न सम्मान समारोह का भव्य आयोजन, वरिष्ठ प्रचारकों ने किया सम्मानित*








*कानपुर।* राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अनुषांगिक संगठन 'गंगा समग्र न्यास' द्वारा आयोजित *गंगा रत्न सम्मान समारोह* में सहभागिता का पावन अवसर प्राप्त हुआ।


कार्यक्रम में *आरएसएस के वरिष्ठ प्रचारक एवं गंगा समग्र न्यास के राष्ट्रीय संगठन मंत्री श्रद्धेय रामाशीष जी भाईसाहब* मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके सान्निध्य में बतौर *विशिष्ट अतिथि (Guest of Honor)* सम्मिलित होने का सुअवसर मिला।


समारोह के दौरान वरिष्ठ प्रचारकों के कर-कमलों से प्रतिष्ठित *"गंगा रत्न सम्मान"* प्राप्त होना जीवन का अत्यंत गौरवशाली और अविस्मरणीय क्षण रहा। यह सम्मान निर्मल गंगा, अविरल गंगा के संकल्प के लिए कार्य करने वाले सभी कार्यकर्ताओं को समर्पित है।


मंच पर *आरएसएस के वरिष्ठ प्रचारक आदरणीय भवानी भीख जी, राजेश कुमार जी* सहित कई मूर्धन्य पदाधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिन्होंने गंगा संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने का आह्वान किया।


वक्ताओं ने कहा कि गंगा केवल एक नदी नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, विरासत और जीवनदायिनी आस्था का प्रतीक है। इसे स्वच्छ और अविरल बनाए रखना हम सभी का दायित्व है।


*हर हर गंगे!*

UPI पर MDR शुल्क के विरोध में व्यापारियों ने मनाया ‘नो UPI डे’, नगाड़ा-डमरू बजाकर किया सत्याग्रह*

 श्रवण कुमार गुप्ता 9838885767





*कानपुर।* आगामी 15 अक्टूबर से 2,000 रुपये से अधिक के UPI भुगतान पर 0.4 प्रतिशत MDR और उस पर 18 प्रतिशत GST सहित कुल 0.472 प्रतिशत शुल्क लगाए जाने की प्रस्तावित व्यवस्था के विरोध में गुरुवार को गांधी जयंती के अवसर पर व्यापारियों ने ‘नो UPI डे’ मनाया।


भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के तत्वावधान में प्रदेश अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र, जिलाध्यक्ष विजय गुप्ता गोरे, जिला वरिष्ठ महामंत्री मनीष गुप्ता सलोने एवं प्रदेश मंत्री रोशन गुप्ता के नेतृत्व में सागर मार्केट, कैनाल रोड के बाहर सड़क पर ‘व्यापारियों की आवाज सुनो सत्याग्रह’ के तहत नगाड़ा और डमरू बजाकर धरना-प्रदर्शन किया गया। इस दौरान व्यापारियों ने हाथों में पोस्टर लेकर “UPI पर MDR शुल्क मंजूर नहीं” के नारे लगाए और UPI से भुगतान स्वीकार नहीं किया।


*प्रदेश अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्र ने कहा* कि MDR के साथ GST लगने से लागत बढ़ेगी और अनरजिस्टर्ड व्यापारियों को इनपुट क्रेडिट भी नहीं मिलेगा। इसका असर देशभर के करोड़ों व्यापारियों पर पड़ेगा। आज जब UPI व्यापार का मुख्य माध्यम बन चुका है, तब अतिरिक्त शुल्क से व्यापारी फिर नकद लेनदेन की ओर लौटने को मजबूर होंगे। दीपावली जैसे त्योहारी सीजन से पहले यह फैसला व्यापारी और ग्राहक दोनों के लिए परेशानी का कारण बनेगा।


*जिलाध्यक्ष विजय गुप्ता गोरे ने कहा* कि व्यापारी अतिरिक्त लागत को अपनी लागत में जोड़ेगा, जिसका अप्रत्यक्ष बोझ अंततः ग्राहकों पर पड़ेगा। इससे सरकार के कैशलेस अभियान को झटका लगेगा।


प्रदेश मंत्री रोशन गुप्ता, जिला वरिष्ठ महामंत्री मनीष गुप्ता सलोने और कानपुर मोबाइल डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष नीरज बलेचा, संरक्षक सुरेश सिंहवानी व उपाध्यक्ष सुशील तुली ने कहा कि मोबाइल और होलसेल कारोबार में मार्जिन पहले से कम है, ऐसे में यह शुल्क छोटे दुकानदारों और रिटेल कारोबारियों के लिए घाटे का सौदा होगा।


संगठन ने चेतावनी दी कि यदि MDR शुल्क वापस नहीं लिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कानपुर के साथ-साथ प्रदेश के अन्य जिलों में भी व्यापारियों ने ‘नो UPI डे’ मनाया।


इस मौके पर प्रदेश संगठन मंत्री संजय भदौरिया, जिला युवा अध्यक्ष आशीष मिश्र, कोषाध्यक्ष मनोज गुप्ता कुक्कू, विनायक पोद्दार, मनोज विश्वकर्मा सहित बड़ी संख्या में व्यापारी मौजूद रहे।

महात्मा गांधी जी और लाला बहादुर शास्त्री जी की जयंती पर डीसीपी दक्षिण कार्यालय में सादर नमन कार्यक्रम आयोजित*




*कानपुर।* दिनांक 02.10.2026 को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न श्री लाल बहादुर शास्त्री जी की जयंती के अवसर पर पुलिस उपायुक्त दक्षिण कार्यालय, पराग डेयरी, निराला नगर, गोविंद नगर में सादर नमन कार्यक्रम का आयोजन किया गया।


कार्यक्रम में पुलिस उपायुक्त दक्षिण 




दीपेन्द्र नाथ चौधरी एवं अपर पुलिस उपायुक्त सेन्ट्रल डॉ. अरीबा नोमान द्वारा दोनों महापुरुषों के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर सादर नमन किया गया तथा सलामी दी गई।


इस अवसर पर उपस्थित पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सत्य, अहिंसा, कर्तव्यनिष्ठा, ईमानदारी एवं सादगी के मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात करने की शपथ दिलाई गई। साथ ही महात्मा गांधी जी के सत्य एवं अहिंसा के सिद्धांतों और शास्त्री जी के सादगी, कर्तव्यनिष्ठा व राष्ट्रसेवा के आदर्शों पर प्रकाश डाला गया।


कार्यक्रम के दौरान पुलिसकर्मियों को निष्पक्षता, अनुशासन, संवेदनशीलता एवं जनसेवा की भावना के साथ कर्तव्यों का निर्वहन करने तथा आमजन के प्रति सम्मानपूर्ण एवं सहयोगात्मक व्यवहार बनाए रखने हेतु प्रेरित किया गया।